कचरे से बना दिया मुरादाबाद का ‘वेस्ट टू वंडर’ पार्क, पर्यावरण बचाने का अनोखा प्रयास 

मुरादाबाद  ::

उत्तर प्रदेश का मुरादाबाद पीतल नगरी के रूप में विख्यात मुरादाबाद अब पर्यटन के मानचित्र पर नई चमक बिखेर रहा है,मुख्यमंत्री की प्रेरणा से मुरादाबाद विकास प्राधिकरण (MDA) द्वारा साढ़े तीन एकड़ में विकसित ‘सेवन वंडर पार्क’ शहर की नई पहचान बन गया है, इस अनोखे पार्क की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यहाँ दुनिया के सात अजूबों की प्रतिकृतियां ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री से निकले लगभग 138 टन धातु के कचरे और बेकार मशीन पार्ट्स से तैयार की गई हैं, लगभग 7.5 करोड़ रुपये की लागत से बने इस पार्क में लाल किला, ताजमहल, एफिल टॉवर और पीसा की झुकी मीनार जैसी कलाकृतियां आकर्षण का मुख्य केंद्र हैं, 28 फरवरी को हुए उद्घाटन के बाद से ही यहाँ पर्यटकों का तांता लगा हुआ है, जो न केवल कला की सराहना कर रहे हैं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति ‘कबाड़ से जुगाड़’ के इस नवाचार को भी सराह रहे हैं।

कचरे से कमाल,7 अजूबों वाला बन वंडर पार्क

मुरादाबाद विकास प्राधिकरण के ​सचिव पंकज वर्मा ने कहा, इस पार्क को तैयार करने में लगभग डेढ़ वर्ष का समय लगा है। यहाँ आने वाले सैलानियों के लिए आधुनिक सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया है, जिसमें इलेक्ट्रॉनिक टिकटिंग सिस्टम, पूरे कैंपस में अनाउंसमेंट की सुविधा और हर स्मारक तक पहुँचने के लिए व्यवस्थित गेटेड पाथवे शामिल हैं।

एमडीए सचिव पंकज वर्मा ने बताया कि परिसर में एम्पल ग्रीन स्पेस, फूड कोर्ट, स्वच्छ पेयजल और वॉशरूम जैसी बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। शाम के समय यहाँ की रौनक देखते ही बनती है, जब लाइटिंग के बीच ये धातु की कलाकृतियां जीवंत हो उठती हैं। स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ पड़ोसी जनपदों से भी भारी संख्या में लोग सप्ताहांत पर यहाँ पहुँच रहे हैं। यह प्रोजेक्ट न केवल मुरादाबाद को एक नया पर्यटन स्थल दे रहा है, बल्कि बेकार वस्तुओं के रचनात्मक उपयोग का एक बेहतरीन उदाहरण पेश कर स्थानीय व्यापार को भी नई गति प्रदान कर रहा है।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *